logo

Whatsapp Number: +91-90416-06444

जरा सा भी नही पिघलता दिल तेरा

इतना क़ीमती पत्थर कहाँ से ख़रीदा है

फिक्र तो तेरी आज भी करते है..

बस जिक्र करना छोड दिया !!

कैसे भुला दूँ उसको मैं..
मौत इंसानों को आती है यादो को नहीं...

किसी के दिल में क्या छुपा है ये बस खुदा ही जानता है

दिल अगर बेनकाब होता तो सोचो कितना फसाद होता

मै बैठूंगा जरूर महफ़िल में पर पीऊंगा नही

क्योंकि मेरा ग़म मिटा दे इतनी शराब की औकात नही

er kasz

सोच रखी है बहुत सी बाते तुम्हे सुनाने को
तुम हो, के आते ही नहीं हमें मनाने को

काश आंसुओं के साथ यादे भीं बह सकती,

तो एक दिन तस्सल्ली से बैठ कर रो लेते

बना कर छोड़ देते हैं अपनी ज़ात का आदि
कुछ लोग यूँ भी इंतकाम लेते हैं

अमीर होता तो बाज़ार से खरीद लाता नकली

गरीब हूँ इसलीये दिल असली दे रहा हु

अपनी आदतों के अनुसार चलने में इतनी गलतियाँ नहीं होती हैं

जितनी दुनिया का लिहाज रखकर चलने में होती हैं

किस-किस दीवाने से तुम दिल लगाओगी

इक दिन अपनी ही नजरों में तुम गिर जाओगी

हमने बे-इंतिहा वफ़ा कर के

बे-वफ़ाओं से इंतिक़ाम लिया

Shukar hai uska jo apni yaden chor gae

jinda lash ko jine ka bhana de gae

खूबसुरती से धोखा न खाइये जनाब

तलवार कितनी भी खूबसुरत कयों न हो मांगती तो खून ही है

मेरा टूटना बिखरना एक इत्तेफाक नहीं

बहुत मेहनत की है एक शक्स ने इसकी खातिर

नजर से दूर रह कर भी किसी की सोच में रहना

किसी के पास रहने का तरीका हो तो ऐसा हो

मिट्टी में मिला देती है हँसते हुए चेहरे

तकदीर को कहाँ रिश्तों की पहचान होती है

कितनी खूबसूरत हो जाती है उस वक्त दुनिया

जब कोई अपना कहता है तुम याद आ रहे हो

er kasz

माना कि जीत की आदत है मग़र

रिश्तों में हार जाना बेहतर होता है

er kasz

जिस नजाकत से ये लहरे मेरे पैरों को छूती है

यकीन नही होता इन्होने कभी कश्तियाँ डूबाई होगी

Load More
Top